नई दिल्ली, 21 मार्च। उत्तम नगर शनिवार को पुलिस और सुरक्षा बलों की भारी तैनाती के बच ईद मनाई गई। ईद के मौके पर इस इलाके में शांति व्यवस्था बनाए रख्नने के लिए पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करने के आदेश हाईकोर्ट ने दिए थे।
यह आदेश 26 वर्षीय तरुण कुमार की मौत की पृष्ठभूमि में आया था। तरुण की मौत होली के दिन ए-ब्लॉक में उनके घर के पास पड़ोसियों के साथ हुई एक झड़प में हुई थी। 4 मार्च की उस घटना के बाद सुरक्षा बढ़ा दी गई थी। पुलिस ने अफवाहों के खिलाफ सोशल मीडिया पर भी सख्ती बरती।
शुक्रवार को, मस्जिद के ठीक सामने एक स्टॉल पर रंगीन टोपी (स्कल कैप) देख रहे 28 वर्षीय सरफराज ने कहा कि वह पिछले पांच साल से ए-ब्लॉक में रह रहे हैं। “कल जो होगा, देखा जाएगा। हम तो इस पल का आनंद ले रहे हैं। यह कुछ दिन पहले के माहौल से कहीं बेहतर है,” उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा।
स्टॉल के मालिक, 55 वर्षीय इमरान खान ने कहा कि जिस गली में मस्जिद स्थित है, उसे घटना वाले दिन से ही “बाहरी” शोर-शराबे से “अलग-थलग” रखा गया है।
उन्होंने आगे बताया कि वह पिछले चार दशकों से मस्जिद के ठीक सामने अपने दो-मंजिला घर के बरामदे पर टोपियां बेच रहे हैं।
खान के पड़ोसी, 30 साल के आखिर में चल रहे जैनुद्दीन ने बताया कि उनके दादाजी हस्तसाल कॉलोनी में तब आकर बसे थे, जब यह इलाका एक जंगल हुआ करता था। नमाज़ अदा करने के बाद मस्जिद से बाहर निकलते हुए उन्होंने कहा, “मेरे दादाजी ने इस मस्जिद के आसपास बसने वाले ज़्यादातर परिवारों को यहीं बसते हुए देखा था।”





